Bihar Youth News: पटना: बिहार के मंत्री विजय कुमार सिन्हा ने राज्य के युवाओं से राष्ट्रहित को सबसे ऊपर रखने की मार्मिक अपील की है। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि जहां प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ‘सबका साथ, सबका विकास’ की परिकल्पना के साथ देश को आगे बढ़ा रहे हैं, वहीं कुछ तत्व युवाओं को गुमराह करने और समाज में अराजकता फैलाने की साजिश रच रहे हैं।

मंत्री सिन्हा ने युवाओं को ऐसे नकारात्मक विचारों के प्रति सजग रहने का संदेश दिया। उनका मानना है कि देश के युवाओं में राष्ट्र सर्वोपरि की भावना मजबूत होनी चाहिए। उन्होंने जातिवाद के खिलाफ एकजुटता बनाए रखने की आवश्यकता पर भी जोर दिया, ताकि समाज में विभाजनकारी शक्तियों को रोका जा सके।
‘बुद्धिजीवी’ बनकर धोखा दे रहे, युवाओं को सतर्क रहने की सलाह
विजय कुमार सिन्हा ने अपने बयान में उन लोगों पर तीखा हमला बोला जो ‘बुद्धिजीवी’ होने का दिखावा करते हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि ऐसे लोग युवाओं को भ्रमित करके और देश की जनता को धोखा देकर अपना स्वार्थ सिद्ध करना चाहते हैं। सिन्हा ने कहा कि अब समय आ गया है कि युवा केवल इन विभाजनकारी सोच को पहचानें ही नहीं, बल्कि अपने भीतर राष्ट्रहित की भावना को भी प्रबल करें। उनका यह बयान युवाओं की भूमिका और देश के प्रति उनकी जिम्मेदारी पर केंद्रित था।
‘कुछ लोग बुद्धिजीवी होने का दिखावा करते हैं। इसके जरिए वे युवाओं को गुमराह करने और देश की जनता को धोखा देने की कोशिश करते हैं।’ – विजय कुमार सिन्हा, मंत्री, बिहार
सनातन परंपरा का जिक्र, जातिवाद के जहर को रोकने की बात
मंत्री विजय कुमार सिन्हा ने सनातन परंपरा का उल्लेख करते हुए जाति के आधार पर होने वाले बंटवारे का पुरजोर विरोध किया। उन्होंने साफ किया कि सनातन परंपरा को मानने वाले लोग कभी भी जाति के नाम पर विभाजित नहीं हो सकते। उन्होंने समाज में जातिवाद के जहर को किसी भी कीमत पर पनपने नहीं देने का आह्वान किया। उनके मुताबिक, जातिगत विभाजन को छोड़कर समाज में एकता और सद्भाव की भावना को मजबूत करना ही देश के भविष्य के लिए आवश्यक है।
यह अपील ऐसे समय में आई है जब बिहार में बिहार के मंत्री युवाओं को एकजुटता और राष्ट्र निर्माण में सक्रिय भूमिका निभाने के लिए प्रेरित कर रहे हैं। आने वाले समय में इन विचारों का युवाओं पर क्या प्रभाव पड़ता है, यह देखना महत्वपूर्ण होगा।








