लखनऊ। जनपद में तीन अक्टूबर को हुई हिंसा मामले में आरोपित आशीष मिश्रा शनिवार को क्राइम ब्रांच के समक्ष पेश हुआ। खबर दिए जाने तक क्राइम ब्रांच पुलिस लाइन में आशीष मिश्रा से प्रकरण को लेकर पूछताछ कर रही थी।
सरकार को घेरने में लगा है विपक्ष






जनपद में किसान आंदोलन के दौरान हुई हिंसा में चार किसान, एक पत्रकार समेत आठ लोग मारे गए थे। इसके बाद लगातार विपक्ष आरोपित केंद्रीय मंत्री अजय मिश्रा के बेटे आशीष मिश्रा की गिरफ्तारी को लेकर सरकार को घेरने में लगा है।
इसी कड़ी में शुक्रवार को नवजोत सिंह सिद्दू पत्रकार रमन कश्यप के परिजन से मुलाकात के बाद धरने पर बैठ गए। उन्होंने कहा कि जब तक पुलिस आरोपित आशीष मिश्रा के बेटे पर कार्रवाई नहीं करती, वह भूख हड़ताल पर रहेंगे।
वहीं, इस घटना को लेकर शुक्रवार को पुलिस के समक्ष पेश नहीं होने पर पुलिस ने आशीष मिश्रा के आवास पर दूसरा नोटिस चस्पा किया था। इसके बाद यह खबर आयी कि बीमार होने के कारण आशीष क्राइम ब्रांच नहीं पहुंचा और शनिवार को वह अपना बयान देगा।
आज सुबह पुलिस द्वारा दिए गए समय से कुछ मिनट पहले आशीष क्राइम ब्रांच के समक्ष पेश हुआ, जहां उससे इस घटना के बारे में पूछताछ चल रही थी।
से तो उन्हें कल (शुक्रवार) को ही पेश होने की नोटिस दी गई थी लेकिन जब वह नहीं पहुंचे तो दो बजे के बाद पुलिस ने सीआरपीसी की धारा 160 के तहत दूसरी नोटिस घर चस्पा कर दी, अब आज (शनिवार) दोपहर 11 बजे तक कमेटी के सामने पेश होने को कहा गया है। वहीं पुलिस ने इस मामले के दो आरोपियों को जेल भेज दिया है।
इससे पहले कल ही खीरी पहुंचे कांग्रेस नेता नवजोत सिंह सिद्धू बवाल में मारे गए निघासन के पत्रकार के घर सिद्धू धरने व मौन अनशन पर पर बैठ गए। सिद्धू ने घटना के मुख्य आरोपी गृहराज्यमंत्री अजय मिश्रा के बेटे आशीष मिश्रा की गिरफ्तारी तक मौन धारण करने की बात कही। पहले वह कुछ देर बैठे रहे और बाद में टिन शेड के नीचे तख्त पर लेट गए और आंखें बंद कर लीं।








