Bihar Human Trafficking: बिहार के पूर्वी चंपारण जिले से एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जहां केसरिया थाना क्षेत्र से अगवा की गई युवती को पश्चिम बंगाल के पंजिपारा रेड लाइट एरिया से सकुशल बचाया गया है। पुलिस की त्वरित कार्रवाई ने मानव तस्करों के मंसूबों पर पानी फेर दिया। इस ऑपरेशन में एक आरोपी रोहित कुमार को भी दबोचा गया है, जो मुजफ्फरपुर का निवासी बताया जा रहा है।
पुलिस के अनुसार, आरोपी रोहित कुमार पर आरोप है कि उसने युवती को पहले प्रेम जाल में फंसाया, फिर शादी का झांसा देकर उसे अगवा किया और अंततः पश्चिम बंगाल में बेच दिया। इस सनसनीखेज खुलासे के बाद मानव तस्करों के बीच हड़कंप मच गया है। बरामद युवती की महिला थाना में काउंसलिंग और मेडिकल जांच कराई गई है, जिसके बाद उसे परिजनों को सौंपने की प्रक्रिया शुरू की गई।
शादी का झांसा देकर बेची गई युवती
पुलिस अधीक्षक ने बताया कि 8 अक्टूबर की रात केसरिया थाना क्षेत्र से एक लड़की के अपहरण की सूचना मिली थी। मामले की गंभीरता को देखते हुए तुरंत एक प्राथमिकी दर्ज की गई और वरीय अधिकारियों को इसकी जानकारी दी गई। पीड़िता की तलाश के लिए पुलिस पदाधिकारी संतोष कुमार के नेतृत्व में एक विशेष टीम गठित की गई। इस टीम में केसरिया थानाध्यक्ष, एक महिला पुलिस अधिकारी और तकनीकी शाखा के कर्मियों को शामिल किया गया था।
गठित टीम ने सूचना का सत्यापन और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर तेजी से कार्रवाई की। जांच के दौरान युवती और आरोपी का लोकेशन पश्चिम बंगाल के उत्तर दिनाजपुर जिले के पंजिपारा रेड लाइट एरिया में ट्रेस किया गया। इसके बाद बिहार पुलिस ने बंगाल पुलिस से संपर्क साधा और स्थानीय पुलिस के सहयोग से पंजिपारा रेड लाइट एरिया में छापेमारी की। पुलिस ने युवती को सुरक्षित बरामद कर लिया और मौके से आरोपी रोहित कुमार को भी गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में आरोपी ने अपना जुर्म कबूल कर लिया है।
बंद कमरे में जबरन गलत काम
पुलिस की पूछताछ में बरामद युवती ने आपबीती सुनाई। उसने बताया कि आरोपी रोहित ने उसे प्रेम जाल में फंसाया था और पिछले कुछ महीनों से वह फोन पर उससे बात कर रहा था। शादी का झांसा देकर वह उसे केसरिया से मुजफ्फरपुर ले गया और फिर वहां से ट्रेन द्वारा पश्चिम बंगाल पहुंचा दिया। बंगाल पहुंचने पर रोहित ने उसे एक महिला के हवाले कर दिया और मोटी रकम लेकर बेच दिया। युवती ने बताया कि उसे एक कमरे में बंद रखा गया था और उससे जबरन गलत काम कराया जाता था। विरोध करने पर उसके साथ मारपीट भी की जाती थी। एक बार युवती ने किसी तरह मोबाइल से अपने परिवार वालों से संपर्क करने की कोशिश की थी, लेकिन आरोपी ने उसका फोन छीन लिया।
एसपी ने बताया, ‘प्रारंभिक जांच में यह मामला मानव तस्करी का प्रतीत हो रहा है। आरोपी युवतियों को प्रेम जाल में फंसाकर बेचने के धंधे में शामिल है। इस गिरोह के तार कई राज्यों से जुड़े हो सकते हैं।’
पुलिस आरोपी से गहन पूछताछ कर रही है। उसके मोबाइल फोन और कॉल डिटेल्स खंगाले जा रहे हैं, ताकि इस गिरोह में शामिल अन्य लोगों का पता लगाया जा सके। युवती का बयान महिला थाना में दर्ज किया गया है और कोर्ट में धारा 164 के तहत उसका बयान दर्ज कराया जाएगा। युवती की बरामदगी के बाद परिजनों ने राहत की सांस ली है और पुलिस की त्वरित कार्रवाई के लिए धन्यवाद दिया है। उनका कहना था कि अगर पुलिस थोड़ी और देर करती तो कुछ अनहोनी हो सकती थी।
मानव तस्करी के खिलाफ पुलिस का विशेष अभियान
पुलिस अधीक्षक ने बताया कि मानव तस्करी के खिलाफ पुलिस का विशेष अभियान चल रहा है। उन्होंने स्पष्ट किया कि जिले में किसी भी तरह की मानव तस्करी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने आम लोगों से अपील की है कि अगर कोई युवती या बच्ची गायब होती है तो तुरंत पुलिस को सूचना दें, सूचना देने वाले की पहचान गुप्त रखी जाएगी। एसपी ने लोगों को अनजान व्यक्तियों से दोस्ती करते समय सावधानी बरतने और शादी का झांसा देकर तस्करी करने वाले सक्रिय गिरोहों से सावधान रहने की भी सलाह दी है। युवती को जल्द सामान्य जीवन में लौटने में मदद करने के लिए चाइल्ड वेलफेयर कमेटी और महिला हेल्पलाइन की काउंसलिंग में भी भेजा गया है।







