spot_img

Bihar Tender Scam: SVU की जांच में बड़ा ट्विस्ट, IAS अभिलाषा शर्मा-योगेश सागर कोके ख़िलाफ़ नहीं मिला सबूत, फिर क्यों हुए सस्पेंड? संजीव हंस अब भी फरार, तो…

Bihar Tender Scam: विशेष निगरानी इकाई ने साफ किया कि अभिलाषा कुमारी शर्मा और योगेश सागर पर सीधे घोटाले में शामिल होने के प्रमाण नहीं मिले, लेकिन ईडी रिपोर्ट के आधार पर उन पर विभागीय कार्रवाई होगी। वहीं, फरार IAS संजीव हंस जल्द ही गिरफ्तार होंगे।

spot_img
- Advertisement -

Bihar Tender Scam: बहुचर्चित बिहार टेंडर घोटाले की जांच में विशेष निगरानी इकाई (SVU) ने बड़ा अपडेट दिया है। SVU ने स्पष्ट किया है कि आईएएस अभिलाषा कुमारी शर्मा और योगेश कुमार सागर पर टेंडर घोटाला में सीधे शामिल होने के पर्याप्त साक्ष्य नहीं मिले हैं। इसके बावजूद, प्रवर्तन निदेशालय (ED) की रिपोर्ट में उन पर निजी व्यक्ति से लाभ लेने का आरोप है, जिसकी जांच चल रही है। इसी आरोप के आधार पर राज्य सरकार ने उन्हें निलंबित कर दिया है।

SVU ने यह भी बताया कि चर्चित आईएएस संजीव हंस अभी भी फरार हैं और उनकी गिरफ्तारी जल्द होगी। उनके साथ पवन कुमार भी फरार हैं, जिनकी तलाश जारी है।

- Advertisement -

टेंडर घोटाला: अभिलाषा कुमारी शर्मा और योगेश सागर पर ईडी की रिपोर्ट का असर

प्रेस वार्ता के दौरान SVU के एडीजी पंकज कुमार दाराद ने कई महत्वपूर्ण जानकारी दी। उन्होंने बताया कि ईडी ने जांच के क्रम में रिशुश्री सहित कई अधिकारियों के बयान दर्ज किए थे। इन बयानों में आईएएस अभिलाषा कुमारी शर्मा और योगेश सागर का नाम सामने आया था। इन पर रिशुश्री और अन्य से व्यक्तिगत लाभ प्राप्त करने का आरोप लगा है।

एडीजी पंकज कुमार दाराद ने बताया, ‘ईडी ने जांच के दौरान रिशुश्री सहित कई पदाधिकारियों का बयान दर्ज किया है। इन बयानों में आईएएस अभिलाषा कुमारी शर्मा और योगेश सागर का नाम आया है। उन पर रिशुश्री व अन्य से निजी लाभ लेने का आरोप है। इसके आधार पर दोनों अधिकारियों को दो बार नोटिस देकर बुलाया गया, पर कुछ कारणों से उनसे पूछताछ नहीं हो सकी। इसके उपरांत न्यायालय से अनुमति लेकर उनके आवास पर भी छापेमारी हुई, पर कुछ खास बरामद नहीं हो सका।’

दराद ने आगे कहा कि ईडी के बयान में कुछ अन्य पदाधिकारियों को भी इंगित किया गया है, लेकिन उनके खिलाफ मुकदमा चलाने लायक पर्याप्त साक्ष्य नहीं मिले हैं। ऐसे मामलों में राज्य सरकार उनके विरुद्ध विभागीय कार्यवाही संचालित करने का निर्णय लेगी।

यह भी पढ़ें:  बिहार में 1628 करोड़ का भारी-भरकम निवेश, 36 परियोजनाओं को मंजूरी |SIPB में बड़े प्रस्तावों को हरी झंडी

इन अभियुक्तों के खिलाफ दाखिल हुई चार्जशीट, संजीव हंस फरार

SVU के एडीजी पंकज कुमार दाराद ने प्रेस वार्ता में जानकारी दी कि टेंडर घोटाला से संबंधित यह मामला ईडी द्वारा भेजे गए परिवाद पत्र संख्या 05/2025 के आधार पर दर्ज किया गया था। इस मामले में प्रारंभिक तौर पर रिशुश्री, संजीव हंस, पवन कुमार और संतोष कुमार सहित कई अज्ञात सरकारी पदाधिकारी व कर्मियों को अभियुक्त बनाया गया था।

यह भी पढ़ें:  सर्राफा बाजार में बड़ी गिरावट: पटना में सोना धड़ाम! ₹1105 गिरा दाम, चांदी भी हुई सस्ती, खरीदने का शानदार मौका!

SVU की गहन जांच के बाद मुमुक्षु कुमार चौधरी, तारिणी दास और उमेश कुमार सिंह को भी अप्राथमिकी अभियुक्त बनाते हुए उनके विरुद्ध चार्जशीट दाखिल की गई है। एडीजी ने साफ किया कि चार्जशीटेड अभियुक्तों के अलावा फिलहाल किसी अन्य सरकारी पदाधिकारी के विरुद्ध मुकदमा चलाने लायक समुचित साक्ष्य उपलब्ध नहीं हैं। ईडी के परिवाद पत्र में लगे आरोपों के आधार पर ऐसे पदाधिकारियों के विरुद्ध राज्य सरकार के स्तर पर विभागीय कार्यवाही संचालित की जाएगी। इस प्रेस वार्ता में SVU के डीआईजी विकास कुमार, एसपी जेपी मिश्रा, लॉ ऑफिसर राजीव कुमार और केस के आईडी चंद्रभूषण भी मौजूद थे।

यह भी पढ़ें:  भागलपुर में नवविवाहिता की संदिग्ध मौत से हड़कंप, पति हिरासत में, मायके वालों का हत्या का आरोप!

ईडी रिपोर्ट में देरी और रिशुश्री की गिरफ्तारी

पंकज कुमार दाराद ने इस केस को दर्ज करने और कार्रवाई में हुई देरी पर भी स्थिति स्पष्ट की। उन्होंने बताया कि ईडी द्वारा सीधे जांच एजेंसी को रिपोर्ट भेजे जाने के कारण विलंब हुआ। नियमानुसार, केंद्रीय जांच एजेंसी को अपनी रिपोर्ट सीधे सरकार को भेजनी चाहिए थी। लेकिन, यह रिपोर्ट सीधे जांच एजेंसी को भेजी गई, जिसके बाद SVU ने मामले को राज्य सरकार के संज्ञान में लाया। इस प्रक्रिया में कुछ समय लग गया। इसी बीच, रिशुश्री ने अपनी गिरफ्तारी पर रोक लगाने के लिए उच्च न्यायालय का रुख किया था।

रिशुश्री की गिरफ्तारी पर लगी रोक 18 मई 2026 को हटते ही SVU ने तुरंत कार्रवाई करते हुए 27 मई को उसे गिरफ्तार कर लिया। इस मामले में फरार चल रहे दो अन्य अभियुक्तों, आईएएस संजीव हंस और पवन कुमार, की भी गिरफ्तारी जल्द होगी। रिशुश्री की गिरफ्तारी के बाद SVU ने एक महीने के भीतर इस मामले में चार्जशीट भी दाखिल कर दी है।

- Advertisement -

जरूर पढ़ें

आपका पासपोर्ट सिर्फ घूमने के लिए है, नागरिकता का सबूत नहीं! केंद्र सरकार ने कर दिया साफ, जानिए क्या कहता है भारत का कानून

passport citizenship: केंद्र सरकार ने पासपोर्ट को लेकर एक महत्वपूर्ण स्पष्टीकरण जारी किया है। विदेश मंत्रालय ने साफ किया है कि पासपोर्ट केवल एक यात्रा दस्तावेज है, नागरिकता का अंतिम#PassportIndia,#CitizenshipRules,#MEAIndia

Bihar के लाल Cricketer आकाश दीप ने लिए सात फेरे! शादी में पहुंचे भोजपुरी के ‘पावर स्टार’ पवन सिंह

Akash Deep Marriage: भारतीय तेज गेंदबाज आकाश दीप ने अक्षिता राज के साथ वाराणसी में सात फेरे लिए। उनकी शादी में भोजपुरी स्टार पवन सिंह समेत कई हस्तियां शामिल हुईं, जिससे रोहतास और आस#AkashDeepMarriage,#PawanSingh,#RohtasNews

पटना के मकान मालिकों को झटका! 15% बढ़ा प्रॉपर्टी टैक्स, क्या 30 जून तक मिलेगी छूट?

Patna Property Tax: पटना नगर निगम ने मकान मालिकों को बड़ा झटका दिया है। शहर में प्रॉपर्टी टैक्स की दरों में 15% की बढ़ोतरी लागू कर दी गई है, जो 30 साल बाद हुआ बड़ा बदलाव है। हालांक#PatnaPropertyTax,#BiharNews,#TaxHike

आज ही के दिन 51 साल पहले: जब भारत में छीन लिए गए थे आपके सारे अधिकार, जानें Emergency का वो काला सच

Emergency 1975: आज से ठीक 50 साल पहले, 25 जून 1975 को देश में आपातकाल लागू हुआ था। इस दौरान मौलिक अधिकार छीन लिए गए, प्रेस पर सेंसरशिप लगी और संविधान में बड़े बदलाव किए गए। जान#Emergency1975,#IndianDemocracy,#FundamentalRights