Bihar By-election: बिहार की बांकीपुर विधानसभा सीट पर उपचुनाव के नतीजे आने से पहले जन सुराज पार्टी के संस्थापक और प्रत्याशी प्रशांत किशोर ने चुनाव आयोग में गंभीर शिकायत दर्ज कराई है। उन्होंने पटना के सीनियर पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) कार्तिकेय शर्मा पर बांकीपुर में मतदान और चुनाव प्रक्रिया को प्रभावित करने का आरोप लगाया है। प्रशांत किशोर ने दावा किया है कि उनके पास इन आरोपों के पुख्ता सबूत भी हैं, जो उन्होंने आयोग को सौंप दिए हैं।
शनिवार दोपहर बाद प्रशांत किशोर जन सुराज पार्टी के पदाधिकारियों के साथ पटना स्थित मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी के कार्यालय पहुंचे। मीडिया से बातचीत में उन्होंने बताया कि पटना एसएसपी के खिलाफ शिकायत की गई है। मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने इस मामले की जांच कराने और दोषी पाए जाने पर तत्काल कार्रवाई करने का आश्वासन दिया है।






बांकीपुर उपचुनाव में बड़ा बवाल: प्रशांत किशोर ने सीधे पटना SSP पर लगाया गंभीर आरोप, चुनाव आयोग पहुंचा मामला!
Bihar Bankipur By-election: बिहार की पटना जिले की बांकीपुर विधानसभा सीट पर उपचुनाव के नतीजे आने से ठीक पहले, राजनीतिक रणनीतिकार और जन सुराज पार्टी के संस्थापक प्रशांत किशोर एक बार फिर चुनाव आयोग पहुंच गए हैं। उन्होंने पटना के सीनियर पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) कार्तिकेय शर्मा के खिलाफ गंभीर शिकायत दर्ज कराई है। प्रशांत किशोर ने आरोप लगाया है कि एसएसपी ने अपने अधीनस्थ पुलिस अधिकारियों के साथ मिलकर बांकीपुर में मतदान और पूरी चुनाव प्रक्रिया को प्रभावित किया। उन्होंने यह भी कहा कि मतदाताओं को डराया-धमकाया गया और जन सुराज पार्टी के कार्यकर्ताओं का शोषण किया गया। पीके ने इन गतिविधियों में सत्तारूढ़ दल की भूमिका पर भी सवाल उठाए हैं।
पुलिसिया कार्रवाई और गुंडागर्दी के गंभीर आरोप
जन सुराज पार्टी के पदाधिकारियों के साथ शनिवार दोपहर पटना स्थित मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी के कार्यालय पहुंचने के बाद प्रशांत किशोर ने मीडिया से बात की। उन्होंने बताया कि उन्होंने पटना एसएसपी की आयोग से शिकायत की है। मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने इस मामले की जांच कराने और दोषी पाए जाने पर तुरंत कार्रवाई करने का आश्वासन दिया है।
प्रशांत किशोर ने दावा किया, “एसएसपी ने अपने अधीनस्थ पदाधिकारियों के साथ मिलकर लोकतंत्र की हत्या करने की कोशिश की। मेरे पास इसके सबूत हैं, जो मैंने चुनाव आयोग को सौंप दिए हैं। रविवार सुबह मैं एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के जरिए इन सभी सबूतों को सार्वजनिक करूंगा।”
पीके ने आरोप लगाया कि बांकीपुर में बीते तीन दिनों से पुलिस ने जबरन कार्रवाई की। उन्होंने कहा कि पुलिस ने सत्तारूढ़ दल के साथ मिलकर चुनाव को प्रभावित करने का प्रयास किया और मतदाताओं को डराने-धमकाने की कोशिश की गई। प्रशांत किशोर ने यह भी आरोप लगाया कि आपराधिक तत्वों ने पुलिस के साथ मिलकर गुंडागर्दी की, जिसकी शिकायत लेकर वे चुनाव आयोग के पास पहुंचे हैं। मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने इस पर संज्ञान लेते हुए तुरंत जांच के आदेश दिए हैं।
मतदान से पहले भी चुनाव आयोग पहुंची थी जन सुराज पार्टी
बांकीपुर में मतदान से पहले भी प्रशांत किशोर की जन सुराज पार्टी ने चुनाव आयोग से भाजपा और पुलिस की शिकायत की थी। 29 जुलाई को जन सुराज के नेताओं ने आयोग को बताया था कि पुलिस उनके नेताओं को जबरन परेशान कर रही है। पार्टी ने आरोप लगाया था कि भाजपा के नेता चुनाव आचार संहिता का उल्लंघन कर रहे हैं और मतदाताओं को डरा-धमका रहे हैं। इसके अतिरिक्त, पीके की पार्टी ने चुनाव में जीविका दीदियों और पैरा मिलिट्री फोर्स की ड्यूटी नहीं लगाने की भी मांग की थी।
बांकीपुर में 3 अगस्त को आएगा रिजल्ट, कौन किस पर भारी?
पटना शहर की बांकीपुर सीट पर उपचुनाव के लिए 30 जुलाई को मतदान हुआ था। इस सीट पर जन सुराज पार्टी के उम्मीदवार के रूप में प्रशांत किशोर खुद मैदान में हैं। उनका मुकाबला भाजपा के नीरज कुमार सिन्हा और आरजेडी की रेखा गुप्ता से है। बांकीपुर सीट को भाजपा का गढ़ माना जाता है, और यह सीट भाजपा के वरिष्ठ नेता और पूर्व विधायक नितिन नवीन के राज्यसभा जाने के बाद खाली हुई थी। बांकीपुर उपचुनाव के नतीजे सोमवार 3 अगस्त को घोषित किए जाएंगे।
चुनाव आयोग में प्रशांत किशोर की शिकायत और जांच के आश्वासन के बाद, बांकीपुर उपचुनाव के नतीजे और भी महत्वपूर्ण हो गए हैं। रविवार सुबह होने वाली प्रशांत किशोर की प्रेस कॉन्फ्रेंस से इस मामले में और भी खुलासे होने की उम्मीद है।
पुलिसिया कार्रवाई से लोकतंत्र की हत्या का आरोप
प्रशांत किशोर ने आरोप लगाया कि बांकीपुर में पिछले तीन दिनों से जबरन पुलिसिया कार्रवाई की जा रही थी। उन्होंने कहा कि पुलिस ने सत्तारूढ़ दल के साथ मिलकर Bihar उपचुनाव को प्रभावित करने की कोशिश की। मतदाताओं को डराया-धमकाया गया, वहीं जन सुराज पार्टी के कार्यकर्ताओं का भी शोषण किया गया। पीके ने यह भी दावा किया कि आपराधिक तत्वों ने पुलिस के साथ मिलकर गुंडागर्दी की, जिससे लोकतंत्र की हत्या करने का प्रयास किया गया।
प्रशांत किशोर ने कहा, “एसएसपी ने अपने अधीनस्थ पदाधिकारियों के साथ मिलकर लोकतंत्र की हत्या करने की कोशिश की। मेरे पास इसके सबूत हैं, जो मैंने चुनाव आयोग को सौंप दिए हैं। मैं रविवार सुबह प्रेस कॉन्फ्रेंस के जरिए इन सबूतों को सार्वजनिक करूंगा।”
चुनाव से पहले भी जन सुराज ने की थी शिकायत
यह पहली बार नहीं है जब जन सुराज पार्टी ने चुनाव आयोग से शिकायत की हो। बांकीपुर में मतदान से पहले 29 जुलाई को भी प्रशांत किशोर की पार्टी ने भाजपा और पुलिस के खिलाफ आयोग से शिकायत की थी। उस समय जन सुराज के नेताओं ने आरोप लगाया था कि पुलिस उनके नेताओं को जबरन परेशान कर रही है। पार्टी ने यह भी कहा था कि भारतीय जनता पार्टी के नेता चुनाव आचार संहिता का उल्लंघन कर रहे हैं और मतदाताओं को डरा-धमका रहे हैं। इसके अतिरिक्त, पीके की पार्टी ने चुनाव में जीविका दीदियों और पैरा मिलिट्री फोर्स की ड्यूटी नहीं लगाने की भी मांग की थी।
बांकीपुर उपचुनाव: BJP का गढ़ और PK की चुनौती
पटना शहर की बांकीपुर सीट पर उपचुनाव के लिए 30 जुलाई को मतदान हुआ था। जन सुराज पार्टी के उम्मीदवार के रूप में प्रशांत किशोर खुद मैदान में हैं। उनका सीधा मुकाबला भाजपा के नीरज कुमार सिन्हा और राष्ट्रीय जनता दल की रेखा गुप्ता से है। बांकीपुर सीट को भारतीय जनता पार्टी का गढ़ माना जाता है, और यह सीट भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन के राज्यसभा जाने के बाद खाली हुई थी। बांकीपुर उपचुनाव के नतीजे सोमवार, 3 अगस्त को घोषित किए जाएंगे। प्रशांत किशोर के इन गंभीर आरोपों ने नतीजों से पहले सियासी पारा और बढ़ा दिया है, सबकी निगाहें अब उनके द्वारा सार्वजनिक किए जाने वाले सबूतों पर टिकी हैं।








